मासूम लोगों की जान से खेल रहा झोलाछाप डॉक्टर , खुद को घोषित किया भगवान!

0 minutes, 1 second Read

कैंसर जैसी बीमारी को ठीक करने का दावा करता झोला छाप डॉक्टर, प्रशासन कर रहा  नजरंदाज


कानपुर मामला है कानपुर के बिधनू विकास खंड के ग्राम पंचायत कठुई से जुड़ा हुआ। एक छोटा सा गांव तक्सीमपुर जहां पर एक झोलाछाप डॉक्टर कैंसर जैसी घातक बीमारी को ठीक करने का दावा कर रहा है। हफ्ते में दो दिन मरीजों को दवा देता है जिसमे इंजेक्शन, चटनी , और अन्य चीजें होती हैं।

Whatsapp Group

गरीबों के जिंदगी से खिलवाड़ करता, खुद को भगवान घोषित कर कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी इलाज करने का दावा करता है।

सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपी डॉक्टर का नाम राकेश बताया जा रहा है जिसने साल भर के अंदर ही अंदर गरीब कैंसर मरीजों को बेवकूफ बनाकर जोड़ लिए लाखों रुपए। मरीजों को गुमराह कर के उनसे मोटी रकम ऐंठता है।

फायदा ना मिलने पर भी एक से दो हजार की संख्या में मरीज अपनी जान बचाने के लिए मजबूरी में हर मंगलवार और रविवार को आते हैं । इसके जड़ी-बूटी में कितना ताकत या सच्चाई है , स्वास्थ्य विभाग को देखने की जरूरत है।

See also  Rahul Gandhi twit से मचा बवाल कहा 40% कमीशन खाऊंगा

जिसका फायदा उठाकर यह झोलाछाप डॉक्टर ने बड़ी मोटी रकम कमा ली है। गांव वालों का कहना है जनाब के इलाज के चक्कर में कई मरीजों ने अपनी जान तक गंवा दी है।

क्या स्वास्थ्य विभाग और पुलिस कर रही है नजर अंदाज ?

इतने बड़े जुर्म को अंजाम देते , डॉक्टर को नजर अंदाज कर रही है प्रशासन। बिधनू पुलिस थाना से महज तीन किलोमीटर की दूरी पर चल रहा है ।मरीजों के जान के साथ खिलवाड़ और पुलिस प्रशासन ने आंखे बंद कर रखी हैं।

स्वास्थ्य विभाग का भी कोई अता-पता नही है। गांव के कई बुजुर्गों से बात करने पर पता चला की डॉक्टर पुलिस की जानकारी में  दे रहा है इस जुर्म को अंजाम! जो की इंसानियत को शर्मसार कर देने बात है।

See also  कानपुर: कार का टायर फटने के कारण हुआ बड़ा हादसा !

पैसे में खेल रहा मरीजों के स्वास्थ्य और उनके परिवार के जज्बातों को

कई पत्रकारों ने भी सच्चाई दिखाने की कोशिश की,परंतु प्रशासन ने नजरअंदाज किया।

स्थानीय लोगों से बात करने पर पता चला की कई बार कुछ पत्रकार आए जो की सच ना दिखाने की जगह मोटी रकम लेकर कर चले गए और खबर को दबा दिया। पर इधर सब पैसों के दम पर यह डॉक्टर सबको खरीद ले रहा है।

आम जनों को मोबाइल ले जाना सख्त मनाही है। अंध भक्तों के जैसा, लोगों को दिग्भ्रमित कर लिया है

देखना यह है की स्ववास्थ विभाग और प्रशासनन कब तक जागती है नींद से।

Share this...

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *